मुल्ला जी यादवों की बुराई कर रहे लेकिन ये बुराई बुराई नहीं अच्छाई है।
हर चीज में यादवों पर भरोसा करना लेकिन राजनीति में यादवों के अपने दांव हैं
क्योकि यादव बना ही राजनीति के लिए है।
Ankit Yadav retweeted
वाराणसी के काशी में एयर शो देखने आए 10 लाख लोगों में से में भी था ,😀
जितनी भीड़ बताई जा रही उतनी नहीं थी, लेकिन एयर शो बेहतरीन था,✈️
प्रधानमंत्री @narendramodi भी साथ में थे😀
#kashi #KashiAirShow
निंदक तुम शर्म करो।
जब जैकी भाई ने अभिनव पांडेय को ट्रोल किया तब मैंने उनका बचाव किया।
जिसपर जैकी भाई से निंदा की गई कि मैं उनका विरोध कर रहा हूँ इसपर उन्हें तो आपत्ति नहीं हुई कि अंकित ने अभिनव पांडेय का फेवर किया।
जिसके पीछे मेरी समझ और @Abhinavpinch से मेरी व्यक्तिगत जान-पहचान है।
शुभ चिंतक की भांति जैकी भाई को मुझसे आपत्ति केवल X पर अमर्यादित शब्दों के प्रयोग से है मेरे स्वतंत्र विचारों से नहीं
क्योकि अमर्यादित शब्दों की वजह X पर लोग नुकसान उठाते हैं।
जैकी भाई बड़े भाई हैं चुगलखोर जितनी चाहो चुगली करो दरार नहीं डाल पाओगे।
ये अभिनव पांडेय का जलजला है!
आज सवाल पूछने को वे लोग बेताब हैं, जिन्होंने ख़ुद पत्रकारिता के नाम पर पक्षपात किया।
अगर @Abhinavpinch ने समझौते किए होते, तो शायद आज दक्षिणपंथी समर्थकों के निशाने पर नहीं होते।
यह उनकी निर्भीक, निष्पक्ष और बेबाक पत्रकारिता का इनाम है।
आयुष गुप्ता GenZ पत्रकार को अखिलेश यादव ने योगी के ख़िलाफ़ विधानसभा चुनाव लड़ाने का वादा कर दिया है।
इस genz पत्रकार का सवाल पूछने का तरीका बिल्कुल अलग है जो सोशल मीडिया पर वायरल रहता है।
Ankit Yadav retweeted
If I post this video on Instagram again, they will get my account suspended.
In last 5 months have already happened, 4 times and then no one comes to help.
अभिनय पांडे और न्यूज़ पिंच को निशाना बनाने के बजाय उनके काम पर बात होनी चाहिए।
@Abhinavpinch के काम को नजरंदाज नहीं किया जा सकता सिर्फ़ इस लिए कि उन्होंने प्रोटेस्ट2.0 में कवरेज नहीं दी उस दिन किसी इवेंट में बिजी थे।
किसी इवेंट को सफल बनाने के पीछे लंबी तैयारी, समय और मेहनत होती है।
यह उम्मीद करना कि आयोजक पहले से हर न्यूज़ डे का अनुमान लगा लें ये बिल्कुल भी व्यावहारिक नहीं है।
बिना वजह आलोचना करना और ट्रोलिंग करना सिर्फ नकारात्मकता फैलाना है,
कोई सार्थक मूल्यांकन नहीं।
News Pinch को बदनाम करने की कोशिशें हो रही हैं।
आरोप है कि पिछले दो प्रोटेस्ट से सब्सक्राइबर और फॉलोअर्स बढ़ने के बाद अभिनव पांडे ने प्रोटेस्टर्स का साथ छोड़ दिया और बदल गए।
असल में न्यूज़ पिंच शुरुआत से ही लोगों के प्यार से नंबर 1 बना इसके पीछे सिर्फ़ प्रोटेस्ट नहीं है।
भोपाल में 10 तारीख के शो के बावजूद टीम दिल्ली में भी सक्रिय है।
@Abhinavpinch भोपाल में हैं तो विनय सुलतान रात से न्यूज़ पिंच के माइक के साथ कवरेज दे रहे हैं।
टीम एक साथ दो जगहों का काम संभाल सकती है।
लोगों को भ्रमित न करें और ओछी टिप्पणियाँ न करें।
ध्रुव राठी दिल्ली से वीडियो पोस्ट कर रहे हैं।
तहलका होने वाला है ज्ञानेश कुमार के ख़िलाफ़ BJP जितना चाहे जोर लगा दे पर नहीं बचा पायेगी।
🚨 10 अक्टूबर | जंतर-मंतर प्रदर्शन
ट्रेनें रद्द, मेट्रो स्टेशन बंद, प्रदर्शनकारियों को हाउस अरेस्ट, सड़कों पर बैरिकेडिंग, पैरामिलिट्री तैनात, होटलों में चेकिंग और दिल्ली बॉर्डर पर पहरा!
इंटरनेट बंद होने की आशंका!
ये तो सरासर अन्याय है, तानाशाही है।
आखिर एक विरोध प्रदर्शन से सरकार इतनी डरी हुई क्यों है? 🤔
निडरता से जो मन में आए बोलते थे एक्टिंग की बात की जाए तो serious एक्टिंग से लेकर Comedy की दुकान थे वह।
Welcome — उदय शेट्टी
Mustafa — गुलाम-ए-मुस्तफा
क्रांतिवीर — प्रताप नारायण तिलक
परिंदा — अन्ना सेठ
नटसम्राट — गणपत बेलवलकर
अग्निसाक्षी — विश्वनाथ
भोले भाले संत आदमी थे नाना पाटेकर साहब।
Miss you nana 😢
बहुत पाप किए बैठा है ज्ञानेश कुमार जल्द रसीद कटने वाली है।
पिछले चुनावों में ऐसी घटना हुई हैं जिन्हें भुलाना मुस्किल है
सबको याद होगा क्या हुआ था संभल में भूल गए तो रिवीज़न कर लो।
GenZ के मन में यूँही आक्रोश नहीं है ज्ञानू को लेकर।
संभल में मतदान को लेकर शिकायतें आई थी कुछ मुस्लिम मतदाताओं को पुलिस द्वारा मतदान से रोकने/बाहर करने के वीडियो सामने आए।
उस समय चुनाव आयोग ने संबंधित रिटर्निंग ऑफिसर के बयान का समर्थन किया और वीडियो को “भ्रामक” बताया।
उस समय संभल के DM ज्ञानेश कुमार के दामाद थे।
आली रे आली!
ज्ञानू तो गयो
पहले बेंगलुरु में, फिर उसके बाद दिल्ली में ध्रुव राठी की पहली बार ग्राउंड पर indian protest में entry हो चुकी है।
खाकी वर्दी में दारोगा और अखाड़े में पहलवान !
भदोही के थाने में तैनात दारोगा प्रमोद यादव ने सोनइचा मेले में दंगल के दौरान चुनौती स्वीकार कर पहलवान को पटखनी दे दी।
महज साढ़े 17 साल की उम्र में खेल कोटे से यूपी पुलिस में चयनित हुए प्रमोद यादव लगातार 16 साल तक कुश्ती में स्वर्ण पदक जीत चुके हैं।
वह वर्ल्ड पुलिस कुश्ती चैंपियनशिप में ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न तक भारत का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं और सिल्वर मेडल भी जीत चुके हैं।













